Wednesday, December 28

“हर मनुष्य के अन्दर एक बहुत ही सुन्दर अनुभव है, जहाँ पहुँच कर हम परम शान्ति और आनंद को महसूस कर सकते हैं. और उस अनुभव तक पहुँचने के लिए मैं आपकी मदद कर सकता हूँ.”
                                             महाराज जी